दिनांक : 2026-09-15 22:05:00
पौड़ी गढ़वाल : लम्पी स्किन डिजीज (LSD) से पशुओं के बचाव और बीमारी की रोकथाम को लेकर पशुपालकों को जागरुक करने के उद्देश्य से विकासखंड रिखणीखाल के ग्राम कोटरी में जागरुकता एवं पशु चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया। राजकीय पशु चिकित्सालय कोटड़ीसैंण के क्षेत्रांतर्गत आयोजित इस शिविर में पशुपालकों को रोग के लक्षण, संक्रमण से बचाव और रोकथाम के प्रभावी उपायों की जानकारी दी गई।
शिविर के दौरान पशुपालकों को बताया गया कि पशुओं में लम्पी स्किन डिजीज के संभावित लक्षण दिखाई देने पर लापरवाही न बरतें और तत्काल पशु चिकित्सक से संपर्क करें। साथ ही पशुओं के आसपास साफ-सफाई बनाए रखने, आवश्यक सावधानियां बरतने और संक्रमित पशुओं की उचित देखभाल पर भी विशेष जोर दिया गया।
पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण और उपचार
जागरुकता कार्यक्रम के साथ ग्राम कोटरी में पशु चिकित्सा शिविर भी लगाया गया। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. विशाल शर्मा ने बताया कि शिविर में पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण कर आवश्यक उपचार उपलब्ध कराया गया।
शिविर के दौरान 30 पशुओं का स्वास्थ्य परीक्षण एवं उपचार किया गया, जबकि 24 पशुपालक इससे लाभान्वित हुए। पशुपालकों को विभाग की ओर से उपलब्ध कराई जा रही चिकित्सकीय सुविधाओं और पशुओं के स्वास्थ्य से संबंधित आवश्यक जानकारी भी दी गई।
समय पर उपचार जरूरी
विशेषज्ञों ने पशुपालकों से अपील की कि पशुओं के स्वास्थ्य में किसी भी प्रकार का असामान्य बदलाव दिखाई देने पर उसे नजरअंदाज न करें। बीमारी के शुरुआती लक्षणों की पहचान और समय पर पशु चिकित्सक से परामर्श लेने से संक्रमण को नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है।
विभाग ने पशुपालकों से पशुओं की नियमित निगरानी करने, साफ-सफाई का विशेष ध्यान रखने और किसी भी संदिग्ध लक्षण की स्थिति में नजदीकी पशु चिकित्सा केंद्र से तत्काल संपर्क करने की अपील की है।
ग्राम कोटरी में आयोजित यह शिविर पशुपालकों को लम्पी स्किन डिजीज के प्रति जागरुक करने के साथ-साथ पशुओं को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल रहा।