दिनांक : 2026-04-06 00:54:00
उत्तरकाशी/मोरी: जनपद के बंगाण (अरकोट) क्षेत्र में अचानक हुई भीषण औलावृष्टि ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया है। जानकारी के अनुसार इस आपदा से क्षेत्र के लगभग 15 से 20 गांव बुरी तरह प्रभावित हुए हैं।
प्रभावित गांवों में माकुड़ी, डागोली, गोकुल, बरनाली, झोटाड़ीधारा, मौड़ा, बलावट, चिंवा, किरानू, दुचानू, दामठी, थुनारा, भूटाणु, कलीच, किरोली, मैजानी सहित दर्जनों गांव शामिल हैं, जहां सेब की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है।

स्थानीय किसान कुलदीप रावत ने बताया कि औलावृष्टि इतनी तीव्र थी कि सेब के पेड़ों पर आए फूल पूरी तरह झड़ गए। फूल नष्ट होने से इस बार फलों की उम्मीद लगभग खत्म हो गई है, जिससे किसानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है।
विशेष रूप से माकुड़ी गांव, जिसे क्षेत्र में सेब उत्पादन का “हब” माना जाता है, वहां भी स्थिति बेहद गंभीर बनी हुई है। किसानों का कहना है कि इस बार की फसल पूरी तरह बर्बाद हो चुकी है और उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ेगा।
किसानों की बढ़ी चिंता
सेब की खेती पर निर्भर इस क्षेत्र के किसानों के लिए यह नुकसान किसी बड़े झटके से कम नहीं है। कई किसानों की सालभर की आय इसी फसल पर टिकी होती है।
मुआवजे की मांग
स्थानीय लोगों और किसानों ने प्रशासन से जल्द सर्वे कराकर उचित मुआवजा देने की मांग की है, ताकि उन्हें इस भारी नुकसान से राहत मिल सके।